डिजिटल इंडिया’ की राह में रोड़ा: चनाट, ढालम में आज भी नहीं पहुंचा Jio का 5G, 4G नेटवर्क भी हुआ ‘बीमार’, ग्रामीण परेशान
भारत सरकार डिजिटल इंडिया पर जोरो से कम कर रही है पर इस क्षेत्र के लोगों के लिए डिजिटल इंडिया नेटवर्क के बिना शून्य के बराबर है

चनाट, ढालम – देश के हर कोने में तेज इंटरनेट पहुंचाने के सरकारी दावों के बीच,चनाट, ढालम आज भी कमजोर मोबाइल नेटवर्क की गंभीर समस्या से जूझ रहा है। रिलायंस जियो (Jio) जैसी प्रमुख कंपनी का नेटवर्क इतना खराब है कि 4G सेवा भी ढंग से काम नहीं करती, वहीं 5G तो अभी तक यहां पहुंचा ही नहीं है। गांव के लोगों का कहना है कि नेटवर्क की इस दयनीय स्थिति के कारण उनकी रोजमर्रा की ज़िंदगी और बच्चों की पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है।
कमजोर नेटवर्क से जनजीवन अस्त-व्यस्त
ग्रामीणों के अनुसार, गांव में अक्सर ‘नो सिग्नल’ की समस्या बनी रहती है। अगर किसी को कॉल करना हो या इंटरनेट का उपयोग करना हो, तो उन्हें अपने घरों से बाहर, ऊंची जगहों या खेतों में जाना पड़ता है।
ऑनलाइन पढ़ाई पर असर:
महामारी के बाद से ऑनलाइन पढ़ाई ज़रूरी हो गई है, लेकिन छात्रों को क्लास अटेंड करने के लिए नेटवर्क ढूंढने में घंटों लग जाते हैं। कई बार तो महत्वपूर्ण ऑनलाइन क्लास छूट जाती हैं।
सरकारी योजनाओं से कटे लोग:
सरकारी योजनाओं या बैंकिंग सेवाओं से जुड़ी ऑनलाइन जानकारी प्राप्त करना भी मुश्किल हो गया है। डिजिटल लेनदेन पूरी तरह ठप हैं।
इमरजेंसी में होती है मुश्किल:
सबसे बड़ी चिंता यह है कि आपातकाल की स्थिति में, जैसे- किसी की तबीयत खराब होने पर, समय पर किसी से संपर्क साधना असंभव हो जाता है।
5G क्रांति गांव से दूर
जहाँ पूरे देश में 5G नेटवर्क के तेज़ होने की खबरें आ रही हैं, वहीं चनाट, ढालम के लोगों को यह जानकर निराशा होती है कि उनका क्षेत्र अभी भी 5G कवरेज से अछूता है। ग्रामीणों ने इस संबंध में जियो (Jio) से कई बार शिकायत की है, लेकिन आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
जिम्मेदारों की चुप्पी
आस पास गांव के लोगों ने बताया, “हमने जियो कस्टमर केयर से लेकर ज़िला प्रशासन तक अपनी बात पहुंचाई है। हर बार सिर्फ आश्वासन मिलता है, लेकिन कोई नया टावर नहीं लगा। हमारी मांग है कि कंपनी जल्द से जल्द गांव में नया मोबाइल टावर लगाए और 5G की सुविधा भी उपलब्ध कराए, ताकि हम भी डिजिटल इंडिया का हिस्सा बन सकें।”
इस समस्या के जल्द समाधान के लिए, ग्रामीणों ने अब मीडिया और उच्च अधिकारियों से गुहार लगाई है।
आप नेटवर्क की समस्या की शिकायत MyJio ऐप या जियो कस्टमर केयर नंबर (जैसे 198) पर भी दर्ज करवा सकते हैं, ताकि कंपनी के पास आधिकारिक रिकॉर्ड बन सके।


