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FIFA World Cup 2026: जोहान मंज़ाम्बी के ऐतिहासिक डबल से स्विट्जरलैंड की शानदार जीत, 10 खिलाड़ियों वाली बोस्निया को 4-1 से हराया

FIFA World Cup 2026: Switzerland secures a brilliant victory with Johan Manzambi's historic brace, defeating 10-man Bosnia 4-1.

लॉस एंजिल्स। FIFA वर्ल्ड कप 2026 के ग्रुप B मुकाबले में स्विट्जरलैंड ने दमदार प्रदर्शन करते हुए 10 खिलाड़ियों वाली बोस्निया और हर्जेगोविना को 4-1 से शिकस्त दी। इस जीत के हीरो युवा मिडफील्डर जोहान मंज़ाम्बी रहे, जिन्होंने दूसरे हाफ में दो गोल दागकर टीम को शानदार जीत दिलाई और ग्रुप में शीर्ष स्थान पर पहुंचा दिया।

20 साल की उम्र में रचा नया रिकॉर्ड

20 वर्ष और 247 दिन की उम्र में जोहान मंज़ाम्बी स्विट्जरलैंड के लिए FIFA वर्ल्ड कप के एक मैच में दो या उससे अधिक गोल करने वाले सबसे युवा खिलाड़ी बन गए। इतना ही नहीं, वह बेंच से उतरकर विश्व कप मुकाबले में एक से ज्यादा गोल करने वाले स्विट्जरलैंड के पहले फुटबॉलर भी बन गए।

मैच के बाद मंज़ाम्बी ने कहा कि यह अब तक उनके करियर का सबसे यादगार पल है। उन्होंने कहा कि टीम को पता था कि पहले मैच में कहां कमी रह गई थी और इस मुकाबले में धैर्य के साथ खेलते हुए खिलाड़ियों ने अपनी क्षमता साबित की।

दूसरे हाफ में बदली मैच की तस्वीर

पहला हाफ गोलरहित रहा, लेकिन दूसरे हाफ में मंज़ाम्बी के मैदान पर उतरते ही मुकाबले का रुख बदल गया। उन्होंने शानदार शॉट लगाकर स्विट्जरलैंड को बढ़त दिलाई। इसके बाद रूबेन वर्गास ने बेहतरीन फिनिश के साथ स्कोर 2-0 कर दिया। बाद में मंज़ाम्बी ने अपना दूसरा गोल दागकर जीत लगभग पक्की कर दी और गोल्डन बूट की दौड़ में भी खुद को शामिल कर लिया।

रेड कार्ड ने बोस्निया की मुश्किलें बढ़ाईं

बोस्निया और हर्जेगोविना की टीम को उस समय बड़ा झटका लगा जब ब्रेल एम्बोलो को रोकने के प्रयास में तारिक मुहरेमोविच को प्रोफेशनल फाउल के कारण रेड कार्ड दिखाया गया। एक खिलाड़ी कम होने के बाद टीम पर दबाव बढ़ गया।

स्टॉपेज टाइम में एरमिन महमिक ने शानदार गोल कर स्कोर 3-1 किया, लेकिन वापसी की उम्मीद ज्यादा देर नहीं टिक सकी। स्विट्जरलैंड के कप्तान ग्रैनिट ज़ाका ने पेनल्टी को गोल में बदलते हुए टीम की 4-1 की शानदार जीत पर मुहर लगा दी।

कोच ने टैक्टिकल बदलावों को बताया जीत की कुंजी

स्विट्जरलैंड के मुख्य कोच मुरात याकिन ने जीत के बाद कहा कि टीम ने पूरे धैर्य के साथ खेलते हुए सही समय पर रणनीति में बदलाव किया। उन्होंने बताया कि हाइड्रेशन ब्रेक के दौरान किए गए टैक्टिकल बदलावों और तेज खिलाड़ियों को मैदान पर उतारने का फायदा मिला। विरोधी टीम के थकने के बाद स्विट्जरलैंड ने मिले स्पेस का पूरा फायदा उठाया और मुकाबला अपने नाम कर लिया।

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